सरकार जहाज पुनर्चक्रण से प्राप्त इस्पात के उपयोग की समीक्षा कर रही है
इस्पात विनिर्माण को बढ़ावा देने और भारत के वैश्विक नेतृत्व को बनाए रखने के उद्देश्य से सरकार जहाजों के पुनर्चक्रण से प्राप्त इस्पात के उपयोग की समीक्षा कर रही है। इस्पात एवं भारी उद्योग मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी और पत्तन, पोत परिवहन एवं जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल की अध्यक्षता में एक संयुक्त बैठक आयोजित की गई।
नब्का इनसाइट
चक्रीय अर्थव्यवस्था, जहाज पुनर्चक्रण और संबंधित मंत्री परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण हैं।
Powered by AIमुख्य तथ्य
- बैठक की अध्यक्षता इस्पात मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी और पत्तन मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने की।
- उद्देश्य: जहाज पुनर्चक्रण से प्राप्त द्वितीयक इस्पात के उपयोग को बढ़ावा देना।
- डीएसटी, बीआईएस, गुजरात समुद्री बोर्ड (GMB) और SRIA ने भाग लिया।
- लक्ष्य: भारत को प्रमुख वैश्विक जहाज पुनर्चक्रण केंद्र बनाए रखना।
प्रासंगिक परीक्षाएँSSC · State PSC · UPSC